डीजल का खर्च खत्म! 1 मशीन से होंगे खेती के 5 काम

Oct 7, 2026 - 13:46
डीजल का खर्च खत्म! 1 मशीन से होंगे खेती के 5 काम

बहराइच: धान की फसल अब पकने की ओर है. ऐसे में किसानों के सामने सबसे बड़ी चिंता फसल की कटाई और उस पर आने वाला खर्च है. पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दामों की वजह से खेती की लागत भी बढ़ती जा रही है. खासकर छोटे और मध्यम किसानों के लिए फसल की कटाई और खेत तैयार करने में होने वाला खर्च बड़ी चुनौती बन जाता है. इसी को देखते हुए बैटरी से चलने वाली एक ऐसी मशीन तैयार की गई है, जिसमें खेती के कई काम किए जा सकते हैं. भागलपुर, बिहार की StepUpify कंपनी की यह मल्टी यूटिलिटी फार्मिंग टूल मशीन धान और गेहूं की कटाई के साथ जुताई, निराई-गुड़ाई और खुदाई जैसे काम भी कर सकती है. कंपनी के प्रतिनिधि प्रज्ञांशु शुक्ला के मुताबिक, मशीन को तैयार करने का मुख्य उद्देश्य खेती में लगने वाली लागत को कम करना है. खास बात यह है कि इसे पेट्रोल-डीजल के बजाय बैटरी से चलाया जाता है.

एक मशीन में 5 तरह के काम

StepUpify कंपनी के प्रतिनिधि प्रज्ञांशु शुक्ला ने बताया कि यह मशीन 5-in-1 है. इसमें अलग-अलग काम के लिए अटैचमेंट लगाए जा सकते हैं. मशीन में 3 फीट का रीपर लगा है, जिसकी मदद से धान और गेहूं की कटाई की जा सकती है. इसके अलावा मशीन से जुताई और निराई-गुड़ाई का काम भी किया जा सकता है. जरूरत के हिसाब से इसमें अलग अटैचमेंट लगाकर खेती के दूसरे काम भी किए जा सकते हैं.

आलू और मूंगफली की खुदाई भी

इस मशीन में पोटैटो डिगर अटैचमेंट भी लगाया जा सकता है. इससे खेत से आलू और मूंगफली की खुदाई आसानी से हो जाएगी. इसके साथ 48 वोल्ट का एचटीपी स्प्रे भी मिलता है, जिसका इस्तेमाल फसलों पर दवा के छिड़काव के लिए किया जा सकता है. इसका इस्तेमाल बागवानी और मचान वाली खेती में भी किया जा सकता है.

3 घंटे में फुल चार्ज, 4 घंटे तक काम

इस मशीन में लिथियम फेरस फॉस्फेट बैटरी लगी है. यह 48 वोल्ट और 36 एम्पीयर की बैटरी है. इसे बिजली के साथ सोलर से भी चार्ज किया जा सकता है. कंपनी के मुताबिक, बैटरी को पूरी तरह चार्ज होने में करीब 3 घंटे लगते हैं और एक बार चार्ज होने के बाद मशीन करीब 3.5 से 4 घंटे तक काम करती है. कंपनी के प्रतिनिधि के मुताबिक, मशीन की मदद से करीब 1 एकड़ खेत की कटाई या जुताई लगभग 3 घंटे में पूरी की जा सकती है. इससे किसान को खेत के काम में समय बचाने के साथ डीजल-पेट्रोल के खर्च से भी राहत मिल सकती है.

1.15 लाख रुपये में मिल रही पूरी किट

मशीन की पूरी किट की सामान्य कीमत करीब 1.80 लाख से 1.90 लाख रुपये के बीच है. हालांकि किसान अपनी जरूरत के हिसाब से अटैचमेंट कम या ज्यादा करवा सकते हैं, जिससे कीमत में भी बदलाव हो सकता है. बहराइच जिले में TCL संस्था के माध्यम से किसानों को यह पूरी किट फिलहाल 1.15 लाख रुपये की रियायती कीमत पर उपलब्ध कराई जा रही है. बढ़ती ईंधन लागत के बीच बैटरी से चलने वाली यह मशीन किसानों के लिए खेती के कई काम एक ही उपकरण से करने का विकल्प देती है.